चांपा (सलवा जुडूम मीडिया) चांपा नगर में शासकीय नाले पर सड़क निर्माण के बाद फिर से भू माफिया सरकारी जमीन को हड़पने की जूगत में है नगर विकास के दिशा में आगे बढ़ रहा है या नहीं इसका फैसला तो स्पष्ट तौर पर नहीं किया जा सकता किंतु जगह-जगह भू माफियाओं के अवैध निर्माण कार्य की चर्चा गली मोहल्ले में आम हो गया है इसी कड़ी में गौरव पथ के आगे किसी समय शासकीय नाले पर सड़क निर्माण के कार्य को पार्षद अध्यक्ष ने अपनी निधि से राशि लगाकर ऐसे पूर्ण किया था जैसे उस सड़क के निर्माण के बाद आगे बड़ी बस्ती के नागरिकों को आने-जाने में सुविधा कराई जाए किंतु बाद में पता चला कि यह सड़क शहर के एक भू माफिया के कॉलोनी निर्माण के लिए सहायता प्रदान करने के लिए किया गया था

वहीं सड़क के निर्माण के पीछे पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष का भी स्वार्थ छिपा था जिसमें इस सड़क के आगे पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष के कौड़ी के दाम में खरीदे हुए जमीनों को करोड़ों के दाम में तब्दील किए जाने की योजना को अंजाम दिया गया था इन दोनों बातों में एक बात यह स्पष्ट है कि यदि मामला लाभ का हो तो राजनीतिक दल के दो अलग-अलग धुरी भी एक हो जाते हैं और यही मामला इस सड़क निर्माण पर दिखाई दिया किंतु बात यहां पर खत्म नहीं होती है।

सड़क के बाद शासकीय भूमि के साथ ही अब धरसा को भी लक्ष्मी कॉलोनाइजर व उसके नुमाइंदे दीवार उठाकर अवैध निर्माण कर रहे हैं अवैध कब्जा के साथ अब इसमें ग्राम कुरदा की ओर बिजली खार जाने वाले आवागमन के सारे रास्ते बंद कर दिए जाएंगे जिससे किसानों को अपने ट्रैक्टर वहां ले जाने व नाले को पाट दिए जाने से खेती में परेशानी होगी कॉलोनाइजर की हिम्मत देखें खुलेआम उन्होंने कुरदा सीट सरकारी धरसा खसरा नंबर 1377 जहां पर एक बड़ा नाला लगा हुआ है उसे खुलेआम अवैध कब्जा करते हुए है बकायदा दीवार उठाकर घेरा किया जा रहा है।

इस संबंध में आवेदक गोपाल सिंह पिता पदुम सिंह की शिकायत पर चांपा तहसीलदार ने सरकारी धरसा नाले पर अवैध निर्माण को तत्काल सज्ञान में लेते हुए लक्ष्मी कॉलोनाइजर सहित घासी राम पिता गणपत अंजली बाई पिता गणपत लक्ष्मी बाई पिता गणपत ननकुशियां पिता छनकु को नोटिस भेज कर उक्त शासकीय भूमि पर अवैध निर्माण को तत्काल रोके जाने का स्थगन आदेश किया है।

अवैध निर्माणकर्ताओं को 28/4/26 चांपा न्यायालय में उपस्थित होकर शासकीय धरसा पर अवैध निर्माण किए जाने पर जवाब मांगा गया है अब देखना होगा प्रशासन की लाठी के सामने भूमाफियाओं की कितनी चल पाती है।






