जांजगीर चांपा (मुनुन्द)(सलवा जुडूम मीडिया) ब्रह्माकुमारीज संस्थान के संस्थापक प्रजापिता ब्रह्मा बाबा के 57 वीं पुण्य तिथि पर विशेष आज 18 जनवरी को प्रातः 7.00 बजे से 12.00 बजे तक मौन शांति साधना के साथ उनके दिव्य चरित्र को जीवन में उतारने का सन्देश स्थानीय सेवाकेंद्र संचालिका बी. के. चन्द्रिका ने उपस्थित राजयोग की साधना में रत लगभग 40 राजयोगी ब्रह्मा वत्साे को कहा l

उन्होंने कहा कि मनुष्य जीवन दुर्लभ है इसे मेरे तेरे, क्या क्यों कैसे के प्रश्नों से पार एकांत शांत चित्त अवस्था में रहकर ईश्वर की याद में बिताना चाहिए l विश्व नाटक को साक्षी भाव से देखना चाहिए तथा स्वयं को अविनाशी आत्मा समझकर हर एक को आत्मिक दृष्टि से देखना चाहिए ll जिस प्रकार की दृष्टि भाग्य विधाता प्रजापिता ब्रह्मा की थी ऐसे ही सम भाव की दृष्टि हमारी भी हो तभी हम इस संसार के सर्व बंधनों से मुक्त होकर परम गति को प्राप्त करेंगे l
ब्रह्मा बाबा ने संस्था की स्थापना सन 1936 से लेकर 1969 तक विशेष नारी शक्ति को आगे रख विश्व परिवर्तन का श्रेष्ठ कार्य किया तथा आज भी अव्यक्त रूप में मार्गदर्शन कर रहेहैं l आज पूरे देश में स्थित ब्रह्मा कुमारीज सेवाकेंद्रों मौन साधना में रह सारे विश्व को शांति का वायब्रेशन दे रहे हैं l इस अवसर पर सभी राजयोग साधकों ने ब्रह्मा बाबा को पुष्पों से श्रद्धा सुमन अर्पित किए तथा उनके क़दमों पर चलने का संकल्प लिए l


